नई शराब नीति ने कई थानाध्यक्षों को कार्रवाई के चपेट में ले लिया है । सूचना के अनुसार रूपौली के पूर्व थानाध्यक्ष नवीन कुमार को नई शराब नीति शपथ पत्र के उल्लंघन के कारण निलम्बित कर दिया गया है ।
पूरी सूचना यह है कि रूपौली थाना क्षेत्र में शराब निर्माण नहीं होने का शपथ पत्र पूर्व थानाध्यक्ष नवीन कुमार द्वारा राज्य पुलिस मुख्यालय में दायर किए जाने के बावज़ूद रूपौली में देशी शराब की फेक्ट्री पकड़ी गयी जहाँ शराब निर्माण धड्ड़ले से चल रहा था । जिसके कारण तत्कालीन थानाध्यक्ष पर गाज गिरी और उन्हें राज्य पुलिस मुख्यालय निलंबित कर दिया गया । इतना ही नहीं साथ ही अब वह 10 वर्षों तक किसी थाना के थानाध्यक्ष भी नहीं बन पाएँगे ।
नई शराब नीति के कारण सिर्फ पूर्णिया ही नहीं पूरे बिहार में कई थानाध्यक्षों पर करवाई हो रही है । सीतामढ़ी में भी शपथ पत्र दायर करने के बावज़ूद उक्त थाना क्षेत्र में अवैध शराब जब्ती के मामले में बैरगनिया थानाध्यक्ष संजीव कुमार और रून्नीसैदपुर थानाध्यक्ष सह इंस्पेक्टर मनोज कुमार सिंह को निलंबित कर दिया गया है।
नई शराब नीति के अनुसार शपथ पत्र के उल्लंघन करने वाले थानाध्यक्ष को निलंबन के साथ साथ 10 वर्षों तक किसी भी थाना के थानाध्यक्ष न बनने की सज़ा झेलनी होगी ।
पूरी सूचना यह है कि रूपौली थाना क्षेत्र में शराब निर्माण नहीं होने का शपथ पत्र पूर्व थानाध्यक्ष नवीन कुमार द्वारा राज्य पुलिस मुख्यालय में दायर किए जाने के बावज़ूद रूपौली में देशी शराब की फेक्ट्री पकड़ी गयी जहाँ शराब निर्माण धड्ड़ले से चल रहा था । जिसके कारण तत्कालीन थानाध्यक्ष पर गाज गिरी और उन्हें राज्य पुलिस मुख्यालय निलंबित कर दिया गया । इतना ही नहीं साथ ही अब वह 10 वर्षों तक किसी थाना के थानाध्यक्ष भी नहीं बन पाएँगे ।
नई शराब नीति के कारण सिर्फ पूर्णिया ही नहीं पूरे बिहार में कई थानाध्यक्षों पर करवाई हो रही है । सीतामढ़ी में भी शपथ पत्र दायर करने के बावज़ूद उक्त थाना क्षेत्र में अवैध शराब जब्ती के मामले में बैरगनिया थानाध्यक्ष संजीव कुमार और रून्नीसैदपुर थानाध्यक्ष सह इंस्पेक्टर मनोज कुमार सिंह को निलंबित कर दिया गया है।
नई शराब नीति के अनुसार शपथ पत्र के उल्लंघन करने वाले थानाध्यक्ष को निलंबन के साथ साथ 10 वर्षों तक किसी भी थाना के थानाध्यक्ष न बनने की सज़ा झेलनी होगी ।
